मिड-डे मील में कीड़े, सरकारी व्यवस्था पर बड़ा सवाल मऊ | घोसी तहसील | बड़राव ब्लॉक
मिड-डे मील में कीड़े, सरकारी व्यवस्था पर बड़ा सवाल
मऊ | घोसी तहसील | बड़राव ब्लॉक
मऊ जिले के घोसी तहसील अंतर्गत बड़राव विकास खंड स्थित प्राथमिक विद्यालय जमालपुर विक्मपुर में मिड-डे मील की गुणवत्ता को लेकर गंभीर लापरवाही सामने आई है। मंगलवार को विद्यालय में बच्चों को परोसे गए दाल-चावल में कीड़े पाए जाने से हड़कंप मच गया। थालियों में कीड़े तैरते देख बच्चों ने खाना खाने से साफ इनकार कर दिया और विद्यालय परिसर में अफरा-तफरी का माहौल बन गया।
प्रत्यक्षदर्शियों के अनुसार, मंगलवार दोपहर सरकारी मेनू के अनुसार दाल-चावल तैयार किया गया था। भोजन परोसते समय कई बच्चों की थालियों में दाल के बीच कीड़े नजर आए। जैसे ही बच्चों ने यह देखा, उन्होंने शोर मचाना शुरू कर दिया। बच्चों का हंगामा सुनकर ग्रामीणों और अभिभावकों को मामले की जानकारी हुई, जिसके बाद वे तुरंत स्कूल पहुंच गए।
अभिभावकों का फूटा गुस्सा, वीडियो वायरल
विद्यालय पहुंचे अभिभावकों ने भोजन की स्थिति देखकर गहरा आक्रोश जताया। उन्होंने दाल-चावल में कीड़ों का वीडियो बनाकर सोशल मीडिया पर वायरल कर दिया। अभिभावकों ने इसे बच्चों के स्वास्थ्य के साथ खुला खिलवाड़ बताते हुए शिक्षा विभाग और प्रशासन से दोषियों के खिलाफ सख्त कार्रवाई की मांग की।
स्थिति बिगड़ती देख विद्यालय प्रशासन बैकफुट पर आ गया। बताया जा रहा है कि मामले को दबाने के प्रयास में पका हुआ भोजन पशुओं को खिला दिया गया, जबकि बच्चों को बिना भोजन कराए ही कक्षाओं में वापस भेज दिया गया। इससे अभिभावकों का आक्रोश और बढ़ गया।
बीएसए ने माना मामला, नोटिस जारी
मामले पर प्रतिक्रिया देते हुए जिला बेसिक शिक्षा अधिकारी (बीएसए) संतोष उपाध्याय ने स्वीकार किया कि जमालपुर विद्यालय में मिड-डे मील की दाल में कीड़े मिलने की सूचना प्राप्त हुई है। उन्होंने संबंधित प्रधानाध्यापक को नोटिस जारी कर स्पष्टीकरण तलब किया है। साथ ही रसोइयों को भविष्य में अधिक सतर्कता बरतने के निर्देश दिए गए हैं।
बीएसए ने स्पष्ट शब्दों में कहा कि यदि स्पष्टीकरण संतोषजनक नहीं पाया गया तो कड़ी विभागीय कार्रवाई की जाएगी। उन्होंने ग्राम प्रधान से भी बातचीत कर मामले की जानकारी ली है और लापरवाही पाए जाने पर उनके खिलाफ भी कार्रवाई की चेतावनी दी है।
जिले भर के स्कूलों को सख्त निर्देश
इस घटना के बाद शिक्षा विभाग हरकत में आ गया है। बीएसए ने जनपद के सभी खंड शिक्षा अधिकारियों और प्रधानाध्यापकों को निर्देश जारी करते हुए कहा है कि मिड-डे मील की साफ-सफाई, सुरक्षा और गुणवत्ता से किसी भी कीमत पर समझौता नहीं किया जाएगा। किसी भी विद्यालय में इस तरह की लापरवाही सामने आई तो जिम्मेदारों पर कठोर कार्रवाई तय है।
फिलहाल यह मामला जिले में चर्चा का विषय बना हुआ है और सवाल उठ रहे हैं कि आखिर बच्चों के पोषण के लिए चलाई जा रही सरकारी योजना में इतनी बड़ी लापरवाही कैसे हो रही है।