देवरिया में बड़ी प्रशासनिक कार्रवाई: बीएसए के निलंबन की संस्तुति, आत्महत्या प्रकरण में जांच तेज
देवरिया में बड़ी प्रशासनिक कार्रवाई: बीएसए के निलंबन की संस्तुति, आत्महत्या प्रकरण में जांच तेज
देवरिया, 23 फरवरी।
जनपद देवरिया में कृष्ण मोहन सिंह के आत्महत्या प्रकरण ने प्रशासनिक हलकों में हलचल मचा दी है। मामले को अत्यंत गंभीरता से लेते हुए जिलाधिकारी दिव्या मित्तल ने सख्त रुख अपनाया है।
डीएम के निर्देश पर मुख्य विकास अधिकारी राजेश कुमार सिंह की अध्यक्षता में एक उच्चस्तरीय जांच समिति गठित की गई, जिसमें उप जिलाधिकारी सदर एवं जिला विद्यालय निरीक्षक को सदस्य नामित किया गया। समिति ने विस्तृत जांच के बाद अपनी आख्या जिलाधिकारी को सौंप दी।
जांच में क्या आया सामने?
जांच रिपोर्ट में चौंकाने वाला तथ्य सामने आया कि माननीय उच्च न्यायालय के स्पष्ट आदेश के बावजूद लगभग एक वर्ष तक बेसिक शिक्षा अधिकारी शालिनी श्रीवास्तव द्वारा प्रभावी कार्रवाई नहीं की गई।
रिपोर्ट में यह भी उल्लेख किया गया कि आदेश के अनुपालन में देरी और प्रशासनिक उदासीनता के कारण परिस्थितियाँ लगातार प्रतिकूल होती गईं, जिसके परिणामस्वरूप यह दुखद एवं अप्रिय घटना घटित हुई।
शासन को भेजी गई निलंबन की संस्तुति
प्राप्त जांच आख्या के आधार पर जिलाधिकारी ने बीएसए के निलंबन एवं विभागीय कार्यवाही की संस्तुति शासन को प्रेषित कर दी है। यह कार्रवाई जिले में जवाबदेही तय करने की दिशा में एक बड़ा कदम माना जा रहा है।
पहले ही हो चुकी है एफआईआर
निष्पक्ष जांच सुनिश्चित करने के उद्देश्य से आरोपित पटल सहायक संजीव सिंह को पूर्व में ही तत्काल प्रभाव से निलंबित किया जा चुका है।
वहीं, परिजनों की तहरीर पर थाना गुलहरिया में नामजद अभियोग पंजीकृत है और सुसंगत धाराओं में विधिक कार्रवाई जारी है।
संदेश स्पष्ट है — देवरिया प्रशासन ने यह संकेत दे दिया है कि लापरवाही और आदेशों की अनदेखी किसी भी स्तर पर बर्दाश्त नहीं की जाएगी। अब सबकी नजरें शासन के अगले कदम पर टिकी हैं।