एस.एस. मॉल के महिला कर्मचारियों ने डीएम से की मुलाकात, निष्पक्ष जांच की लगाई गुहार
एस.एस. मॉल के महिला कर्मचारियों ने डीएम से की मुलाकात, निष्पक्ष जांच की लगाई गुहार
देवरिया: रामलीला मैदान के पास स्थित एस.एस. मॉल की महिला कर्मचारियों ने जिलाधिकारी और पुलिस अधीक्षक से मिलकर एक ज्ञापन सौंपा, जिसमें उन्होंने मॉल पर लगे आरोपों की निष्पक्ष जांच की मांग की है।

कर्मचारियों ने अपने प्रार्थना पत्र में बताया कि वे लंबे समय से मॉल में कार्यरत हैं, जहाँ लगभग 50 लोग कार्य करते हैं। उन्होंने कहा कि मॉल के मालिक उस्मान अंसारी हैं और वहां कभी भी जाति या धर्म को लेकर कोई विवाद नहीं हुआ है। सभी कर्मचारी आपसी सौहार्द और भाईचारे के साथ काम करते हैं।
उन्होंने आरोप लगाया कि मॉल के पूर्व हेड कैशियर शाह आलम ने बिक्री रसीदों में हेराफेरी कर लाखों रुपये का गबन किया। उस रकम से शाह आलम ने बीआईपी कॉलोनी में मकान बनवाया और अपनी महिला मित्र (जो ईजी मार्ट में कार्यरत थी) तथा उसकी मां के खातों में भी बड़ी धनराशि स्थानांतरित की।
मामले की शिकायत पर मालिक द्वारा पुलिस को सूचना दी गई, जिसके आधार पर 15 मार्च 2025 को कोतवाली में एफआईआर दर्ज हुई। इसमें शाह आलम और अजय भारती को गिरफ्तार किया गया। जांच के दौरान शाह आलम के बैंक खाते से उसकी महिला मित्र के खाते में लेनदेन के साक्ष्य भी सामने आए।
ज्ञापन में यह भी उल्लेख किया गया कि शाह आलम को जेल जाने से बचाने के लिए उसकी महिला मित्र ने 30 अप्रैल 2025 को अदालत में प्रार्थना पत्र (धारा 173(4) बीएनएसएस) दाखिल किया, जिसे न्यायालय ने स्वीकार किया और बयान दर्ज करने का आदेश दिया। अपने बयान में उसने स्पष्ट किया कि उसने किसी प्रकार का धर्म परिवर्तन नहीं किया, केवल ईजी मार्ट में नौकरी करने की बात स्वीकारी।
कर्मचारियों ने जिलाधिकारी से मांग की है कि इस पूरे प्रकरण की निष्पक्ष जांच कराकर दोषियों के विरुद्ध कड़ी कार्रवाई की जाए।